• विवेकानन्द पर्वतीय कृषि अनुसंधान संस्थान, अल्मोड़ा में ‘जैविक खेती‘ पर प्रशिक्षण

    भाकृअनुप-विवेकानन्द पर्वतीय कृषि अनुसंधान संस्थान, अल्मोड़ा में जैविक खेती पर पाँच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम (08 से 12 फरवरी, 2021) का आयोजन किया गया। उद्घाटन कार्यक्रम में संस्थान के निदेशक डा. लक्ष्मी कान्त ने जैविक खेती के विकास में संस्थान के योगदान पर चर्चा की तथा पर्यावरण सुरक्षा एवं स्वास्थ्य लाभ को ध्यान में रखकर प्रशिक्षुओं द्वारा जैविक खेती अपनाने का आह्वान किया। प्रशिक्षण प्रकोष्ठ समन्वयक डा. बी. एम. पाण्डेय ने संस्थान द्वारा विकसित तकनीकों की जानकारी पाने के लिए उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों से आये प्रशिक्षुओं का आभार प्रकट किया। पाँच दिवसीय कार्यक्रम में जैविक खेती हेतु सस्य क्रियाएँ, पौध नर्सरी उत्पादन, जैविक बीजोत्पादन, जैविक खेती हेतु नवोन्मेषी क्रियाएँ, जैविक खेती में खाद उत्पादन की तकनीकी एवं अनुप्रयोग, जैविक कीट नियंत्रण, जैविक रोग नियंत्रण, चारा उत्पादन, मौन पालन, सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली एवं जैविक मशरूम उत्पादन पर व्याख्यान शामिल थे। साथ ही संस्थान के जैविक प्रक्षेत्र, प्रगतिशील जैविक कृषक प्रक्षेत्र, द्वारसों, अल्मोड़ा का भ्रमण आयोजित किया गया। कार्यक्रम के समापन समारोह में प्रशिक्षुओं की प्रतिक्रियाएँ ली र्गइं एवं प्रशस्ति पत्र वितरित किए गए। कृषकों को प्रशिक्षण से संबंधित प्रशिक्षण पुस्तिका भी प्रदान की गयी। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के 30 प्रशिक्षुओं ने प्रशिक्षण प्राप्त किया जिनमें प्रसार कार्यकर्ता एवं प्रगतिशील कृषक शामिल थे। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम राज्य कृषि प्रबन्धन संस्थान, उत्तर प्रदेश, लखनऊ द्वारा प्रायोजित किया गया। कार्यक्रम का समन्वयन डा. कुशाग्रा जोशी, डा. मनोज परिहार एवं डा. देवेंद्र शर्मा ने किया।